आजमगढ़: मंडलायुक्त ने विकास योजनाओं की कड़ी समीक्षा की, लापरवाही पर अधिकारियों को फटकार
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आजमगढ़। मंडलायुक्त विवेक की अध्यक्षता में मंडलीय सभागार में मुख्यमंत्री डैशबोर्ड पर प्रदर्शित विकास कार्यों की अक्टूबर 2025 तक की प्रगति एवं रैंकिंग की विस्तृत समीक्षा बैठक हुई। बैठक में तीनों जनपदों (आजमगढ़, बलिया, मऊ) के जिलाधिकारी, मुख्य विकास अधिकारी एवं संबंधित विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे। समाज कल्याण विभाग की छात्रवृत्ति योजना की समीक्षा में मंडलायुक्त ने सभी जिला विद्यालय निरीक्षकों को प्रधानाचार्यों के साथ बैठक कर अधिक से अधिक आवेदन अग्रसारित करने के निर्देश दिए। बड़े विद्यालयों का चिन्हीकरण, भौतिक सत्यापन, सभी प्रधानाचार्यों का डीएससी बनाना, प्रत्येक स्कूल में नोडल शिक्षक नियुक्त करना तथा जिला स्तर पर कंट्रोल रूम स्थापित करने के आदेश दिए गए।
पारिवारिक पेंशन योजना में अत्यधिक पेंडेंसी एवं अधिकारियों द्वारा अस्पष्ट जवाब देने पर मंडलायुक्त ने कड़ी नाराजगी जताई। बिना जिलाधिकारी/सीडीओ के संज्ञान में लाए आवेदन निरस्त करने पर उप श्रमायुक्त से स्पष्टीकरण, वेतन रोकने एवं विशेष प्रतिकूल प्रविष्टि के निर्देश दिए। तीनों जिलों में ग्राम स्तर पर कैंप लगाकर समाज कल्याण अधिकारी स्वयं मौजूद रहकर निस्तारण करेंगे।
मुख्यमंत्री आवास योजना में रैंकिंग सुधारने, जल जीवन मिशन में तेजी लाने, मिड-डे मील की गुणवत्ता बढ़ाने, विद्यार्थी उपस्थिति सुधारने तथा ऑपरेशन कायाकल्प के तहत बाउंड्रीवाल निर्माण शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए। विवादित जमीन के मामलों में एसडीएम से समन्वय कर सूची उपलब्ध कराने को कहा गया।
विद्युत विभाग को खराब ट्रांसफार्मर, जर्जर तारों का सर्वे, जनप्रतिनिधियों से प्रस्ताव लेने, ग्रामीण क्षेत्रों में रोस्टर के अनुसार बिजली आपूर्ति, गलत बिल की शिकायतों का त्वरित निस्तारण तथा दैनिक आपूर्ति के आंकड़े पोर्टल पर फीड करने के निर्देश दिए गए।
पीएम किसान सम्मान निधि के सभी लंबित प्रकरण निस्तारित करने, फसल बीमा के क्लेम का 100% भुगतान, यूरिया-डीएपी-बीज की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने के आदेश दिए। प्रधानमंत्री आवास योजना में अनुपयोगी आवास राज्य स्तर से डिलीट कराने तथा नई मुख्यमंत्री आवास योजना की प्रथम किस्त शीघ्र जारी करने को कहा गया।
मंडलायुक्त ने अंत में कहा कि आमजन की शिकायतों का निस्तारण सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। सभी अधिकारी समय से कार्यालय आएं, पारदर्शिता-ईमानदारी से योजनाओं का लाभ पात्रों तक पहुंचाएं तथा संवेदनशीलता के साथ कार्य करें।
बैठक में जिलाधिकारी आजमगढ़ रविंद्र कुमार, बलिया मंगला प्रसाद सिंह, मऊ प्रवीण मिश्रा सहित सभी मुख्य विकास अधिकारी एवं मंडलीय अधिकारी मौजूद रहे।
