चार पर गैंगस्टर एक्ट का मुकदमा
1 min readआजमगढ़ के महराजगंज थाना क्षेत्र में चर्चित त्रिभुवन पाण्डेय हत्याकांड के आरोपियों के खिलाफ पुलिस ने गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई करते हुए मुकदमा दर्ज कराया है। पुलिस के अनुसार आरोपियों ने संगठित आपराधिक गिरोह बनाकर गंभीर अपराध को अंजाम दिया, जिससे क्षेत्र में भय और आतंक का माहौल उत्पन्न हुआ। थाना महराजगंज के प्रभारी निरीक्षक अनुराग कुमार द्वारा दी गई तहरीर के आधार पर गैंग लीडर अमरनाथ यादव निवासी आराजी जजमनजोत तथा उसके सहयोगी रामभवन पाण्डेय, दीनदयाल पाण्डेय और आदित्य पाण्डेय के विरुद्ध उत्तर प्रदेश गिरोहबंद एवं समाज विरोधी क्रियाकलाप निवारण अधिनियम, 1986 की धारा 2(ख) एवं 3(1) के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस के अनुसार 26 अक्टूबर 2025 को बैनामा की जमीन के विवाद को लेकर त्रिभुवन पाण्डेय की हत्या कर शव को बैरिया नदी के किनारे फेंक दिया गया था। इस मामले में महराजगंज थाने पर हत्या का मुकदमा दर्ज हुआ था। विवेचना के दौरान प्रारंभिक नामजद आरोपी श्रीराम यादव की संलिप्तता नहीं पाई गई, जबकि जांच में अमरनाथ यादव, रामभवन पाण्डेय, दीनदयाल पाण्डेय और आदित्य पाण्डेय के खिलाफ पर्याप्त साक्ष्य मिले। इसके आधार पर पुलिस ने चारों आरोपियों के विरुद्ध आरोपपत्र न्यायालय में प्रेषित किया, जहां मामला वर्तमान में विचाराधीन है। पुलिस का कहना है कि आरोपियों की गतिविधियों से क्षेत्र में भय का वातावरण बना हुआ था तथा लोग उनके विरुद्ध शिकायत या गवाही देने से कतराते थे। इसी को देखते हुए गिरोह का गैंग चार्ट तैयार कर नियमानुसार अनुमोदन के लिए भेजा गया। जिलाधिकारी की अध्यक्षता में हुई संयुक्त बैठक में अनुमोदन मिलने के बाद गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई की गई।
