आजमगढ़ में 102 टीबी मुक्त ग्राम पंचायतों के प्रधान सम्मानित
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सीडीओ परीक्षित खटाना ने किया सम्मान, जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन का दिया संदेश
आजमगढ़,। कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित कार्यक्रम में मुख्य विकास अधिकारी परीक्षित खटाना की अध्यक्षता में वर्ष 2025 में टीबी मुक्त घोषित 102 ग्राम पंचायतों के ग्राम प्रधानों को महात्मा गांधी की प्रतिमा एवं प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में जिला क्षय रोग अधिकारी ने बताया कि वर्ष 2023, 2024 और 2025 में लगातार तीन वर्षों तक टीबी मुक्त रहने वाली 5 ग्राम पंचायतों को स्वर्ण रंग की महात्मा गांधी प्रतिमा से सम्मानित किया गया। वहीं 2024 और 2025 में लगातार दो वर्षों तक टीबी मुक्त रहने वाली 23 ग्राम पंचायतों को रजत रंग की प्रतिमा तथा वर्ष 2025 में टीबी मुक्त घोषित 74 ग्राम पंचायतों को कांस्य रंग की प्रतिमा प्रदान की गई। इस अवसर पर मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. एन.आर. वर्मा, अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. उमाशरण पाण्डेय, जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. बी.पी. सिंह और उप मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. अविनाश झा ने संयुक्त रूप से ग्राम प्रधानों को सम्मानित किया। इसके अलावा अम्बिका सेवा संस्थान, बिंद्रा बाजार को 300 टीबी मरीजों को गोद लेने के लिए तथा टीबी जागरूकता में उत्कृष्ट कार्य करने पर टीबी चैम्पियन श्रीमती पुष्पा यादव और ओम प्रकाश सिंह को भी प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। मुख्य विकास अधिकारी ने सभी ग्राम प्रधानों को बधाई देते हुए अपील की कि वे स्वास्थ्य विभाग की योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू कर जनमानस को उनका पूरा लाभ दिलाएं। मुख्य चिकित्साधिकारी ने बताया कि टीबी मुक्त घोषित होने के लिए ग्राम पंचायतों को निर्धारित मानकों को पूरा करना होता है, जिसमें टीबी मामलों की कम दर, अधिक जांच, मरीजों के सफल उपचार, ड्रग सेंसिटिविटी जांच और पोषण सहायता जैसी शर्तें शामिल हैं। कार्यक्रम में प्रभारी जिला कार्यक्रम समन्वयक पीयूष अग्रवाल सहित एनटीईपी के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन एसटीएस वरुण कुमार राय ने किया।
